Monday, September 10, 2007

नवाज शरीफ की वापसी फिर जबरन देशनिकाला

पाकिस्तान के पूर्व प्रधानमंत्री नवाज़ शरीफ़ सात वर्षों तक निर्वासित जीवन बिताने के बाद इस्लामाबाद पहुंच गए हैं।लंदन से पीआईए की उड़ान संख्या 786 से चले शरीफ़ अब इस्लामाबाद एयरपोर्ट पहुंच गए हैं जहां एयरपोर्ट को सील कर दिया गया और सुरक्षा के कड़े इंतज़ाम किए गए हैं। मगर अफसोस कि परवेज साहब ने उन्हें देश में घुसने नहीं दिया और जबरन उन्हें जेद्दा भेज दिया गया। नवाज शरीफ के आने की खबर पाते ही देश में सार्वजनिक रैलियों पर प्रतिबंध लगा दिया है और एयरपोर्ट को चारों ओर से सुरक्षा बलों ने घेर रखा है। इस्लामाबाद एयरपोर्ट के रास्ते में पुलिस ने अवरोध लगा दिए हैं और हर जगह पुलिसकर्मी तैनात है क्योंकि बड़ी संख्या में लोग नवाज़ शरीफ़ का स्वागत करने एयरपोर्ट जाना चाहते हैं। कल रात नवाज़ शरीफ़ की पार्टी मुस्लिम लीग नवाज़ के कार्यालयों पर छापे मारे गए और कई लोगों को गिरफ्तार भी किया गया है। कहा जा रहा है कि नवाज़ शरीफ़ इस्लामाबाद पहुंचने के बाद एक बड़े जूलूस के साथ लाहौर जाना चाहते हैं लेकिन सैनिक सरकार कोशिश कर रही है ऐसा कोई जूलूस आयोजित न हो। हालांकि नवाज शरीफ को जबरन वापस भेजने के लिए पाकिस्तान सरकार ने सुप्रीम कोर्ट के फ़ैसले को नज़रअंदाज़ कर दिया जिसके तहत नवाज़ शरीफ़ को वापस आने की अनुमति दी गई थी।ग़ौरतलब है कि कुछ दिन पहले पाकिस्तान के सुप्रीम कोर्ट ने उन्हें स्वदेश लौटने की अनुमति दे दी थी। 1999 में नवाज़ शरीफ़ का तख़्ता पलट दिया गया था और अगले साल उन्हें पाकिस्तान से निर्वासित कर दिया गया था।नवाज़ शरीफ़ की वापसी ऐसे समय में हो रही है जब पाकिस्तान में राष्ट्रपति मुशर्रफ़ के लिए स्थितियां बेहतर नहीं हैं। हालांकि नवाज को जबरन जेद्दा भेजकर पाकिस्तान सरकार यह भले सोच रही हो कि उसने जीत हासिल कर लिया है मगर शायद उसकी परेशानियां कम नहीं हुई है। जनता का प्रतिरोध अपने चरम पर है। ऐसे में इसे दबा पाना उसके लिए आसान नहीं होगा। फिर मुर्शरफ साहब को अंतरराष्ट्रीय मंच पर जबाब भी देना होगा।

3 comments:

renu ahuja said...

पहली बात तो यह कि आपाका ब्लाग है, कि झटपटिया एक्सप्रेस...आज सुबह, शरीफ़ साहब तशरीफ़ लाए नहीं , वो बमुशकिल जद्दाह पहुंचे नही, पाक-जनता असमंजस झेल पाई नहीं, कि आपका ब्लाग खबरिया चैनल से भी तेज़...यानी ब्लेख (ब्लागिया लेख)हाज़िर. ..बढिया है...चाहे नाम झकझकिया है !!!

सन्‍मय प्रकाश said...

http://nukkar.blogspot.com/

यह मेरा ब्‍लॉग है।

ATUL said...

आपका ब्लाग तो पूरा विदेश विशेषज्ञ हो गया है
गजल ठीक से सजी नही. पैरा ठीक करे
पटना मे कैसी कट रही है

बधाई
अतुल